वरुणा व आसपास के क्षेत्रों में बाढ़ से जनजीवन अस्त-व्यस्त, NDRF की टीम लगातार कर रही पीड़ितों की मदद

वाराणसी में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है एवं खतरे के निशान से ऊपर है साथ ही वरुणा नदी के आसपास के निचले क्षेत्रों में पानी आ चुका है, उसी स्थिति को देखते हुए एनडीआरएफ वाराणसी के बचाव कर्मियों को कमांडेंट श्री मनोज कुमार शर्मा के निर्देशन में बाढ़ संभावित क्षेत्रों में पूर्ण तत्परता से सभी प्रकार के राहत-बचाव उपकरणों के साथ तैनात किया गया है.

शनिवार 27 अगस्त को स्थानीय प्रशासन के द्वारा एनडीआरएफ वाराणसी को सूचना दी गई कि कुछ लोग संत रविदास घाट के पास गंगा नदी के बाढ़ के पानी में फंस गए हैं. सूचना प्राप्त होते ही 11 एनडीआरएफ वाराणसी की टीम को निरीक्षक मिथिलेश कुमार की अगुवाई में त्वरित कार्रवाई हेतु रवाना किया गया. एनडीआरएफ टीम के द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए संत रविदास घाट के सामने स्वामी नारायण नंद तीर्थ वेद विद्यालय में गंगा नदी के बाढ़ के पानी में फंसे हुए 10 बच्चों एवं 02 शिक्षकों को रेस्क्यू बोट से सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया.

इसके साथ ही एनडीआरएफ के उप कमांडेंट श्री राम भवन सिंह यादव के देखरेख एवं उप निरीक्षक संतोष कुमार के नेतृत्व में एनडीआरएफ वाराणसी की टीम ने कोनिया घाट के पास विजयपुरा गांव में फंसे हुए पूरा परिवार को जिसमें दो महिला एक पुरुष एवं दो बच्चे शामिल थे को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया एवं उपरोक्त एनडीआरएफ टीम द्वारा छोटी मस्जिद स्थित पुराना पुल के कोहना इलाके में फंसे हुए 02 लोगों को भी सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया. एनडीआरएफ की टीमें वाराणसी में संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं एवं सभी प्रकार के बचाव उपकरणों के साथ तैयार है.