शवयात्रा निकाल कर एबीवीपी ने CHS में लॉटरी सिस्टम का किया विरोध

वाराणसी. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद अपने स्थापना काल से ही छात्रहित एवं समाजहित के कार्यों के प्रति समर्पित रहा है.

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय से सम्बंधित सेंट्रल हिन्दू स्कूल में प्रवेश हेतु लॉटरी एवं मेरिट आधारित प्रवेश के निर्णय का अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद विरोध करती है. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का स्पष्ट मत है कि लॉटरी एवं मेरिट आधारित प्रक्रिया प्रतिभावान विद्यार्थियों के अधिकारों का हनन करती है एवं विद्यार्थियों के समान अवसर के अधिकार के प्रतिकूल है.

इस सम्बंध में गुरुवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद काशी हिन्दू विश्वविद्यालय इकाई द्वारा कुलपति आवास के समक्ष ‘शव प्रदर्शन’ कर लॉटरी एवं मेरिट आधारित प्रवेश के विरुद्ध अपना विरोध दर्ज कराया. शव प्रदर्शन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि अगर CHS जैसे प्रतिष्ठित विद्यालय में प्रवेश का आधार लॉटरी को बनाया जाएगा तो एक मृत व्यक्ति के शव के ही समान प्रतिभावान विद्यार्थियों का भी भविष्य मृत के समान हो जाएगा.

विरोध प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं द्वारा विश्वविद्यालय प्रशासन के विरोध में नारे भी लगाए गए.

प्रदर्शन के दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के इकाई उपाध्यक्ष सत्य नारायण सिंह ने कहा कि “वर्षों से सेंट्रल हिन्दू स्कूल में प्रवेश प्रक्रिया प्रवेश परीक्षा के माध्यम से होती थी पिछले दो वर्षों से कोरोना की परिस्थितियों के कारण यह लॉटरी एवं मेरिट आधारित प्रवेश हो रहा था. परन्तु इस वर्ष स्थिति सामान्य होने और पाबंदियों के हट जाने के बावजूद काशी हिन्दू विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा स्कूल में प्रवेश लॉटरी एवं मेरिट के माध्यम से कराने का निर्णय लिया गया है जो पूर्ण रूप से विद्यार्थियों की प्रतिभा के विरुद्ध है. आज शव प्रदर्शन के माध्यम से विश्वविद्यालय प्रशासन को यह संदेश दिया गया है कि मृत व्यक्ति के शव की भांति विद्यार्थियों के भविष्य को मृत न किया जाए एवं सेंट्रल हिन्दू स्कूल जैसे प्रतिष्ठित विद्यालय में इस प्रकार विद्यार्थियों के भविष्य की हत्या न की जाए.”

प्रदर्शन के दौरान परिषद के इकाई मंत्री पुनीत मिश्र ने कहा कि ” विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा एक तरफ निर्णय ले कर हज़ारों विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थी परीक्षा की तैयारी करते हैं।मेरिट एवं लॉटरी आधारित प्रवेश प्रतिभावान विद्यार्थियों की प्रतिभा की हत्या के समान है. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद विश्वविद्यालय प्रशासन के इस निर्णय का अंतिम दम तक विरोध करेगी.”

प्रदर्शन के दौरान सौरभ राय,प्रज्ञा साक्षी,कुमार विनायक,आशुतोष, निशांत,शिवेंद्र पांडेय,आलोक शर्मा आदि बड़ी संख्या में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता उपस्थित रहे.