मुलायम सिंह यादव का निधन: गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में नेता जी ने ली अंतिम सांस, किडनी-यूरिन इन्फेक्शन से जूझ रहे थे

समाजवादी पार्टी के संरक्षक व उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह का सोमवार की सुबह निधन हो गया. वे लम्बे समय से यूरिन और किडनी इन्फेक्शन से जूझ रहे थे. इसकी जानकारी अखिलेश यादव ने समाजवादी पार्टी के ट्विटर हैंडल के जरिये दी. मुलायम सिंह यादव का अंतिम संस्कार सैफई में मंगलवार को किया जाएगा.

मुलायम को 2 अक्टूबर को ऑक्सीजन लेवल कम होने के बाद ICU में शिफ्ट किया गया था. मेदांता के PRO ने बताया था कि मुलायम सिंह को यूरिन में इन्फेक्शन के साथ ही ब्लड प्रेशर की समस्या बढ़ गई थी. स्थिति में सुधार नहीं होने पर डॉक्टरों ने उन्हें वेंटिलेटर पर शिफ्ट कर दिया था.

22 नवंबर 1939 को सैफई में जन्मे मुलायम सिंह यादव की पढ़ाई-लिखाई इटावा, फतेहाबाद और आगरा में हुई. मुलायम कुछ दिन तक मैनपुरी के करहल में जैन इंटर कॉलेज में प्राध्यापक भी रहे. पांच भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर मुलायम सिंह की दो शादियां हुईं. पहली पत्नी मालती देवी का निधन मई 2003 में हो गया था. अखि‍लेश यादव मुलायम की पहली पत्नी के ही बेटे हैं. उनके निधन पर राजनेताओं से लेकर आम लोगों तक ने दुख जताया है.

दो साल से बीमार चल रहे थे

मुलायम सिंह यादव दो साल से बीमार चल रहे थे. परेशानी अधिक बढ़ने पर उन्हें अक्सर हॉस्पिटल में भर्ती कराया जाता रहा. पिछले साल उन्हें कोरोना भी हुआ था. अगस्त 2020 से अक्टूबर 2022 तक उन्हें कब-कब सेहत से जुड़ी समस्याएं हुईं, यहां पढ़िए…

  • 26 सितंबर 2022 को आखिरी बार चेकअप के लिए मुलायम सिंह यादव मेदांता गुरुग्राम पहुंचे थे. तब से वे आखिर तक वहीं भर्ती थे.
  • 5 सितंबर 2022 को भी मुलायम सिंह को मेदांता में भर्ती कराया गया था. इलाज के बाद उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया था.
  • 13 अगस्त 2022 को भी मुलायम सिंह यादव को मेदांता में भर्ती कराया गया था.
  • 24 जून 2022 को रूटीन चेकअप के लिए मुलायम सिंह यादव मेदांता गए थे. तबीयत खराब होने पर उन्हें 2 दिन के लिए भर्ती किया गया था.
  • 15 जून 2022 को भी मुलायम मेदांता में भर्ती हुए थे. जांच के बाद उन्हें उसी दिन डिस्चार्ज कर दिया गया था.
  • 1 जुलाई 2021 को मुलायम सिंह यादव की तबीयत बिगड़ी थी, तब उन्हें मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था.